*💥🗓*आज का पञ्चाङ्ग*🗓💥*
*🎈दिनांक 20 सितंबर 2026*
*🎈वार- रविवार*
*🎈मास - भाद्रपद मास*
*🎈पक्ष - शुक्ल पक्ष*
*🎈विक्रम संवत् - 2083*
*🎈संवत्सर पराभव*
*🎈संवत्सर (उत्तर)- रौद्र*
*🎈अयन - दक्षिणायन*
*🎈ऋतु - शरद*
*🎈तिथि- नवमी - 05:51 पी एम तक तत्पश्चात दशमी *
*🎈नक्षत्र- पूर्वाषाढा - 04:34 ए एम, सितम्बर 21 तक तत्पश्चात उत्तराषाढ़ा*
*🎈करण - कौलव - 05:51 पी एम तकतत्पश्चात्, तैतील*
*🎈योग- सौभाग्य - 03:23 पी एम तक तत्पश्चात्* शौभन*
*🎈राहुकाल- 05:03 पी एम से 06:34 पी एम(नागौर राजस्थान मानक समयानुसार)*हर जगह का अलग होगा
(राहुकाल वह समय होता है जिसमे किसी भी नये अथवा शुभ कार्य प्रारम्भ करने से बचना चाहिए।)*
*🎈सूर्योदय-06:22.00 ए एम*
*🎈सूर्यास्त-06:34. पी एम*
*🎈चंद्र राशि- धनु*
*🎈सूर्य राशि- कन्या*
*(सूर्योदय एवं सूर्यास्त ,नागौर राजस्थान मानक समयानुसार)*
*🎈दिशा शूल- पश्चिम दिशा में*
(किसी भी विशेष कार्य हेतु दिशा शूल वाली दिशा में जाने से बचना चाहिए, यद्यपि यदि उसी दिन जाकर उसी दिन लौटना हैं, अथवा व्यवसाय के दृष्टिकोण से प्रतिदिन जाना ही पड़ता है तो प्रभाव कम हो जाएगा, फिर इस पर विचार करने की आवश्यकता नही है, यदि किसी कारण वश दिशा शूल में जाना ही पड़े तो सूर्योदय से पूर्व निकलना श्रेयस्कर होता है, अन्यथा एक दिन पूर्व प्रस्थान रखकर भी निकला जा सकता हैं।)*
*🎈ब्रह्ममुहूर्त - 04:48 ए एम से 05:35 ए एम*
*🎈अभिजित मुहूर्त: 12:04 पी एम से 12:53 पी एम*
*🎈अमृत काल - 11:12 पी एम से 12:59 ए एम, सितम्बर 21*
*🎈 निशिता मुहूर्त -12:05 ए एम, सितम्बर 21 से 12:52 ए एम, सितम्बर 21*
*🎈रवि योग -पूरे दिन*
*🎈 सर्वार्थ सिद्धि योग 04:34 ए एम, सितम्बर 21 से 06:23 ए एम, सितम्बर 21*
*🎈विशेष:- व्रतपर्व विवरण-
नवमी व्रत विधान
🌹ब्रह्मवैवर्त पुराण (ब्रह्म खंड: 27.29-34) के अनुसार नवमी तिथि के दिन लौकी खाना वर्जित (निषिद्ध) है, और शास्त्रों में इसे गोमांस के समान त्याज्य बताया गया है।
🛟20 सितंबर 2026 (रविवार) का दिन सभी 12 राशियों के लिए मिला-जुला और महत्वपूर्ण रहने वाला है। ग्रहों की स्थिति के अनुसार
👉 जय माँ आदिशक्ति सच्चियाय 🪔
🛟 नागौर, राजस्थान, (भारत)
मानक सूर्योदय के अनुसार।*🛟
*🛟चोघडिया, दिन का🛟*
🛟चोघडिया, रात्🛟*
★√*★√*★√*★√*★√*★
🚩*श्रीगणेशाय नमोनित्यं*🚩
🚩*☀जय मां सच्चियाय* 🚩
‼️💢आज का राशिफल💢‼️
🛟सभी 12 राशियों का संक्षिप्त राशिफल‼️
🛟 मेष राशि: परिवार के साथ समय अच्छा बीतेगा। कार्यक्षेत्र में पदोन्नति या तरक्की के योग बन रहे हैं, साथ ही पुराने कर्ज से मुक्ति मिल सकती है।
🛟वृषभ राशि: अचानक धन लाभ होने के योग हैं। व्यापारियों के लिए दिन शुभ है, लेकिन बातचीत में वाणी पर संयम रखना जरूरी होगा।
🛟मिथुन राशि: आर्थिक स्थिति मजबूत रहेगी। अटका हुआ पुराना प्रोजेक्ट दोबारा शुरू हो सकता है, लेकिन यात्रा के दौरान खर्च बढ़ सकता है।
🛟कर्क राशि: सेहत सामान्य रहेगी, फिर भी अपनी सेहत को लेकर बिल्कुल लापरवाही न बरतें। कार्यस्थल पर बड़ा बदलाव आपके पक्ष में आ सकता है।
🛟सिंह राशि: पुरानी किसी स्वास्थ्य समस्या से राहत मिल सकती है। पेशेवर जीवन में नए अवसर सामने आएंगे, परंतु शेयर बाजार में पैसा लगाने से बचें।
🛟कन्या राशि: पुराने रोगों से मुक्ति मिलेगी। बेवजह के खर्चों में बढ़ोतरी हो सकती है, इसलिए बजट का विशेष ध्यान रखें।
🛟तुला राशि: मन में ताजगी और ऊर्जा बनी रहेगी। दिखावे के चक्कर में आकर कोई बड़ा आर्थिक नुकसान न करें।
🛟वृश्चिक राशि: व्यापार में धन का निवेश फायदेमंद साबित हो सकता है। हालांकि लापरवाही के कारण पुरानी बीमारी दोबारा उभर सकती है।
🛟धनु राशि: व्यापारियों के लिए दिन बहुत बढ़िया रहेगा। पुरानी स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों से छुटकारा मिलेगा।
🛟मकर राशि: अचानक आर्थिक लाभ की प्राप्ति हो सकती है। स्वास्थ्य के मामले में किसी भी तरह की ढिलाई न बरतें।
🛟कुंभ राशि: आर्थिक पक्ष मजबूत रहेगा। यदि किसी बीमारी से जूझ रहे हैं, तो तुरंत डॉक्टर की सलाह लें और लापरवाही न करें।
🛟मीन राशि: आपका स्वास्थ्य अच्छा रहेगा, लेकिन परिवार के अन्य सदस्यों की सेहत का ध्यान रखना होगा। रुका हुआ व्यापारिक कार्य फिर से गति पकड़ सकता है।
💕🙏 #ॐउमामहेश्वराभ्यां नमः 🙏
➡️ 💕🛟प्रात: विशेष🕉️🌺
#🌕 👉 👉🦚❤️💐 🌼🪔🏓🎊
🌺🌷🏓।। आज बात करते हैं ☀️
🌹|| ✨ 🌹// 🕉️ ✨ 🌺 🦚 🌼 🕉️ 🌸*🌙 🐘 महाविद्या कमला 🙏🐚🪔 🌿 🌺🪷
दशमहाविद्याओं की अंतिम महाविद्या हैं देवी कमला। देवी कमला एक ओर वैष्णवी शक्ति हैं और दूसरी ओर भगवान विष्णु की लीला की सहचरी मानी जाती हैं। देवी कमला को देवी लक्ष्मी का तंत्रोक्त स्वरूप कहा जाता है, इसलिए वे तांत्रिक लक्ष्मी के नाम से भी प्रसिद्ध हैं।
देवी का शरीर स्वर्ण के समान तेजस्वी बताया गया है। वे चतुर्भुजा और कमलासन पर विराजमान हैं। उनके ध्यान मंत्र में वर्णन आता है कि हिमालय के समान विशाल चार हाथी अपनी सूंड में स्थित अमृत कलशों से देवी का अभिषेक कर रहे हैं। देवी के हाथों में दो कमल, वरमुद्रा और अभयमुद्रा सुशोभित हैं। उनके मस्तक पर रत्नजड़ित उज्ज्वल मुकुट तथा शरीर पर सुंदर पट्टवस्त्र शोभायमान हैं।
देवी कमला के भैरव विष्णुरूपी सदाशिव माने गए हैं। देवताओं और असुरों द्वारा अमृत प्राप्ति के लिए किए गए समुद्र-मंथन के समय देवी का प्राकट्य हुआ और उन्होंने भगवान विष्णु को पति के रूप में वरण किया।
देवता, राक्षस, मनुष्य और गंधर्व—सभी देवी की कृपा प्राप्त करने के लिए आकांक्षी रहते हैं। देवी कमला ही रूपभेद से आगमशास्त्र में नवदुर्गाओं की अंतिम देवी माँ सिद्धिदात्री के रूप में भी मानी जाती हैं।
देवी कमला को सभी प्रकार की संपत्ति और ऐश्वर्य की अधिष्ठात्री देवी के रूप में पूजा जाता है। वाराही तंत्र के अनुसार त्रिदेवों द्वारा पूजित होने के कारण देवी कमला त्रिपुरा नाम से भी प्रसिद्ध हैं।
आदि शंकराचार्य द्वारा रचित कनकधारा स्तोत्र, श्रीसूक्त का पाठ, बेलपत्र एवं बेल से हवन तथा पद्मबीज की माला से श्रीमंत्र का जप करने से देवी अत्यंत प्रसन्न होती हैं—ऐसी परंपरागत मान्यता है। देवी की उपासना से साधक को विभिन्न प्रकार की सिद्धियों और ऐश्वर्य की प्राप्ति का वर्णन शाक्त परंपराओं में मिलता है।
देवी कमला को चंद्रमा की इष्टदेवी भी कहा गया है और कुछ तांत्रिक परंपराओं में उन्हें चंद्रमा से संबंधित शक्ति माना गया है।
कालिकापुराण के अनुसार देवी त्रिपुराशिव की पत्नी के रूप में त्रिपुरा नाम से भी जानी जाती हैं।
देवी के प्राकट्य की रात्रि को तारारात्रि कहा गया है। मंगलवार की रात्रि में रवि-संक्रमण और कुल नक्षत्र के संयोग को तारारात्रि कहा जाने का उल्लेख मिलता है। उनके प्राकट्य की तिथि फाल्गुन मास की मंगलवार वाली एकादशी बताई गई है।
भार्गवों द्वारा पूजित होने के कारण देवी का एक नाम भार्गवी भी है। भैरवयामल और शक्तिलहरी में देवी की पूजा-पद्धति का विस्तृत वर्णन मिलने की परंपरा है।
🌺 जय माँ महामाया! 🙏🪷🐚
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🌺‼️जय श्री कृष्णा! 🦚🚩 🌺🙏
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💕*"तद् यद् रुदितात् समभवन् तस्माद् रुद्राः"*💥
✨*नव ग्रहणां अधीनस्थ जीवनम्*✨
*🛟॥ श्री हरिः ॐ*॥☀️
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*💥“*ज्ञान ही सच्ची संपत्ति है।*
*बाकी सब क्षणभंगुर* है।”💥
🌼 ।। जय श्री कृष्ण ।।🌼
💥।। शुभम् भवतु।।💥
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🔱🇪🇬*जय श्री महाकाल सरकार *🔱🇪🇬 *मोर मुकुट बंशीवाले सेठ की जय हो 🪷*▬▬▬▬▬▬▬ஜ۩۞۩ஜ
*♥️~*यह पंचांग नागौर (राजस्थान) सूर्योदय के अनुसार है।*
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*♥️ रमल ज्योतिर्विद आचार्य दिनेश "प्रेमजी", नागौर (राज,)*
*।।आपका आज का दिन शुभ मंगलमय हो।।*
🕉️📿🔥🌞🚩🔱ॐ 💥🙏💘☀️




